राज्य स्थापना रजत जयंती सप्ताह पर ग्रामीण सशक्तिकरण की सौगात,, ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना हरिद्वार द्वारा ₹1.78 करोड़ की धनराशि के चेक वितरण,, ग्रामीण महिला समूहों के आत्मनिर्भर भारत की ओर बढ़ते कदम

इन्तजार रजा हरिद्वार- राज्य स्थापना रजत जयंती सप्ताह पर ग्रामीण सशक्तिकरण की सौगात,,
ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना हरिद्वार द्वारा ₹1.78 करोड़ की धनराशि के चेक वितरण,,
ग्रामीण महिला समूहों के आत्मनिर्भर भारत की ओर बढ़ते कदम

हरिद्वार, 08 नवम्बर 2025।
उत्तराखंड राज्य स्थापना की रजत जयंती सप्ताह के अंतर्गत आज जनपद हरिद्वार में ग्रामीण विकास एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल देखने को मिली। ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना, उत्तराखंड ग्राम्य विकास समिति एवं ग्राम्य विकास विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न विकासखंडों के क्लस्टर लेवल फेडरेशन (सीएलएफ) को कुल ₹1,78,03,000 (एक करोड़ अठहत्तर लाख तीन हजार रुपये) की धनराशि के चेक वितरित किए गए। यह राशि अल्ट्रापुअर, सीबीओ बेस्ड, फार्म एवं नॉन-फार्म गतिविधियों हेतु प्रदान की गई, जिसका उद्देश्य ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देना और महिला समूहों को स्वावलंबी बनाना है।
विकासखंडवार लाभ वितरण का विस्तृत विवरण
ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना के अंतर्गत चेक वितरण की यह प्रक्रिया जनपद के पाँच प्रमुख विकासखंडों में की गई। कार्यक्रम के दौरान लाभार्थी समूहों को मिली राशि का विवरण इस प्रकार रहा —
- बहादराबाद विकासखंड : ₹52,33,000
- खानपुर विकासखंड : ₹17,30,000
- लक्सर विकासखंड : ₹39,75,000
- नारसन विकासखंड : ₹45,90,000
- रुड़की विकासखंड : ₹22,75,000
इन सभी विकासखंडों में गठित महिला स्व-सहायता समूहों एवं क्लस्टर लेवल फेडरेशन को यह राशि आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने, रोजगार सृजन और सामुदायिक स्तर पर आत्मनिर्भरता की दिशा में उपयोग हेतु प्रदान की गई।
गरिमामय समारोह में हुई सौंपने की प्रक्रिया
विकासखंड बहादराबाद का चेक वितरण तहसील हरिद्वार स्थित ऋषिकुल ऑडिटोरियम में एक गरिमामय समारोह के दौरान किया गया। इस अवसर पर राज्य मंत्री माननीय श्री ओमप्रकाश जमदग्नि, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री राजेंद्र सिंह उर्फ किरण चौधरी, एवं हरिद्वार नगर निगम की महापौर श्रीमती किरण जैसल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। इसी क्रम में विकासखंड खानपुर एवं लक्सर के क्लस्टर लेवल फेडरेशन को चेक तहसील लक्सर सभागार में सौंपे गए। इस अवसर पर राज्य मंत्री श्री ओमप्रकाश जमदग्नि, निवर्तमान चेयरमैन लक्सर श्री अमरीश गर्ग, एवं वरिष्ठ भाजपा नेता श्री जितेंद्र चौधरी ने संयुक्त रूप से लाभार्थी समूहों को चेक प्रदान किए। समारोह में उपस्थित जनता ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ इस पहल का स्वागत किया। ग्रामीण महिलाओं ने कहा कि यह सहायता उनके छोटे व्यवसायों को आगे बढ़ाने में मदद करेगी और परिवार की आजीविका को स्थायी आधार देगी।
जिलाधिकारी ने सराहा परियोजना का मॉडल
इस अवसर पर जिलाधिकारी श्री मयूर दीक्षित ने कहा कि ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना हरिद्वार जनपद के ग्रामीण विकास की रीढ़ बन चुकी है। उन्होंने कहा कि “महिला स्व-सहायता समूहों को वित्तीय सहयोग देने से न केवल उनकी आय बढ़ेगी, बल्कि गांवों की अर्थव्यवस्था भी आत्मनिर्भर बनेगी।”
उन्होंने बताया कि इस राशि से लाभार्थी समूहों द्वारा कृषि उत्पादकता बढ़ाने, पशुपालन, हस्तशिल्प, खाद्य प्रसंस्करण एवं अन्य गैर-कृषि गतिविधियों को विस्तार दिया जाएगा। कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी हरिद्वार, जिला परियोजना प्रबंधक श्री संजय सक्सेना, सहायक प्रबंधक श्री अमित शर्मा सहित परियोजना टीम एवं विभागीय अधिकारीगण भी उपस्थित रहे।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था में नया परिवर्तन
ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण समुदायों में आत्मनिर्भरता की भावना को बढ़ावा देना और महिला सशक्तिकरण के माध्यम से सतत आर्थिक विकास सुनिश्चित करना है। इस परियोजना के अंतर्गत गठित क्लस्टर लेवल फेडरेशन और स्व-सहायता समूह न केवल उत्पादन गतिविधियों में संलग्न हैं, बल्कि बैंकिंग, विपणन और सामुदायिक विकास के क्षेत्र में भी अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। इन समूहों के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को अब बैंक ऋण की सुविधा, तकनीकी प्रशिक्षण एवं विपणन सहयोग भी उपलब्ध हो रहा है। इससे गांवों में “सशक्त महिला – समृद्ध गांव” की परिकल्पना साकार होती दिखाई दे रही है।
“गांव की प्रगति ही राज्य की शक्ति” – मंत्री ओमप्रकाश जमदग्नि
कार्यक्रम के दौरान अपने संबोधन में राज्य मंत्री श्री ओमप्रकाश जमदग्नि ने कहा कि राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष में यह वितरण कार्यक्रम उत्तराखंड के ग्रामीण पुनर्जागरण की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने कहा कि “गांव की प्रगति ही राज्य की शक्ति है। जब ग्रामीण महिलाएं आर्थिक रूप से सशक्त होंगी, तब समाज और राज्य दोनों आत्मनिर्भर बनेंगे।” उन्होंने ग्रामीण महिलाओं को बधाई देते हुए कहा कि सरकार की मंशा हर ग्राम तक विकास की रफ्तार पहुँचाने की है और इस दिशा में रीप परियोजना की भूमिका अत्यंत सराहनीय है।
समापन पर हुआ धन्यवाद ज्ञापन
कार्यक्रम के अंत में जिला परियोजना प्रबंधक श्री संजय सक्सेना ने सभी अतिथियों, विभागीय अधिकारियों और उपस्थित समूह प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सहायता केवल आर्थिक मदद नहीं, बल्कि एक “विश्वास का प्रमाण” है जो ग्रामीण महिलाओं की मेहनत और लगन को नया आयाम देगा। कार्यक्रम के समापन पर महिला स्व-सहायता समूहों ने “आत्मनिर्भर उत्तराखंड – सशक्त ग्रामीण भारत” का नारा लगाकर रजत जयंती सप्ताह को जन-आंदोलन में बदल दिया।
ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना का यह ₹1.78 करोड़ का चेक वितरण कार्यक्रम हरिद्वार जनपद में ग्रामीण आर्थिक सशक्तिकरण की नई शुरुआत साबित हुआ। यह न केवल महिला स्व-सहायता समूहों के लिए अवसर का द्वार खोलेगा, बल्कि उत्तराखंड की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई ऊर्जा प्रदान करेगा।



