दिल्ली में कल होने वाले धनगर समाज के राष्ट्रीय अधिवेशन पर हरिद्वार में भी मंथन तेज,, धनगर समाज की एकजुटता और अधिकारों पर होगा फोकस,, उत्तराखंड प्रदेश अध्यक्ष मनोज धनगर ने दी महत्वपूर्ण जानकारी
ऑल इंडिया धनगर समाज महासंघ का बहु-प्रतीक्षित राष्ट्रीय अधिवेशन कल दिल्ली में आयोजित होने जा रहा है। इस अधिवेशन को सफल बनाने और समाज के मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाने को लेकर उत्तराखंड धनगर समाज महासभा ने तैयारियां तेज कर दी हैं। प्रदेश अध्यक्ष मनोज धनगर ने बताया कि यह अधिवेशन समाज के लिए नए संकल्पों और मजबूत रणनीतियों का आधार बनेगा।

इन्तजार रजा हरिद्वार- दिल्ली में कल होने वाले धनगर समाज के राष्ट्रीय अधिवेशन पर हरिद्वार में भी मंथन तेज,,
धनगर समाज की एकजुटता और अधिकारों पर होगा फोकस,,
उत्तराखंड प्रदेश अध्यक्ष मनोज धनगर ने दी महत्वपूर्ण जानकारी

देहरादून। ऑल इंडिया धनगर समाज महासंघ का बहु-प्रतीक्षित राष्ट्रीय अधिवेशन कल दिल्ली में आयोजित होने जा रहा है। इस अधिवेशन को सफल बनाने और समाज के मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाने को लेकर उत्तराखंड धनगर समाज महासभा ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
प्रदेश अध्यक्ष मनोज धनगर ने बताया कि यह अधिवेशन समाज के लिए नए संकल्पों और मजबूत रणनीतियों का आधार बनेगा।
मनोज धनगर ने कहा कि इस कार्यक्रम में देशभर से हजारों की संख्या में प्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता शिरकत करेंगे। अधिवेशन में धनगर समाज की सामाजिक, शैक्षिक और राजनीतिक स्थिति पर विस्तृत चर्चा होगी। उन्होंने कहा कि समाज लंबे समय से अपने हक, सम्मान और अधिकारों को लेकर आवाज बुलंद कर रहा है और यह मंच उसे राष्ट्रीय स्वरूप देगा।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड से बड़ी संख्या में समाजजन इस कार्यक्रम में शामिल होंगे। प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि राज्य के विभिन्न जिलों से युवाओं, महिलाओं और वरिष्ठ सदस्यों के प्रतिनिधिमंडल दिल्ली प्रस्थान करेंगे। अधिवेशन का मकसद समाज को एकजुट करना, भविष्य की दिशा तय करना और सरकार तक अपनी मांगें मजबूती से पहुंचाना है।
मनोज धनगर ने कहा—
“धनगार समाज सदियों से देश की आर्थिक, पशुपालन और कृषि व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता आया है। अब समय है कि समाज को उचित पहचान और प्रतिनिधित्व मिले। इसी लक्ष्य को सामने रखते हुए हम दिल्ली अधिवेशन में अपनी आवाज को राष्ट्रीय मंच पर रखेंगे।”
अधिवेशन में समाज की सामाजिक उन्नति, आरक्षण से जुड़े पक्ष, शैक्षिक अवसर, रोजगार बढ़ावा, पारंपरिक व्यवसायों के संरक्षण और युवाओं के नेतृत्व विकास जैसे विषय शामिल रहेंगे। साथ ही भविष्य की कार्ययोजना पर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाएंगे।
अंत में मनोज धनगर ने सभी समाजजनों से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में राष्ट्रीय अधिवेशन में शामिल होकर अपनी उपस्थिति और एकजुटता का परिचय दें।



