राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार में शपथ ग्रहण समारोह,, जनपद न्यायाधीश नरेंद्र दत्त ने दिलाई निर्भीक, निष्पक्ष और प्रलोभन-मुक्त मतदान की शपथ,, लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाता जागरूकता और विधिक साक्षरता पर दिया गया जोर

इन्तजार रजा हरिद्वार- राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार में शपथ ग्रहण समारोह,,
जनपद न्यायाधीश नरेंद्र दत्त ने दिलाई निर्भीक, निष्पक्ष और प्रलोभन-मुक्त मतदान की शपथ,,
लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाता जागरूकता और विधिक साक्षरता पर दिया गया जोर

हरिद्वार। लोकतंत्र की जड़ों को मजबूत करने और नागरिकों में मतदान के प्रति जिम्मेदारी का भाव जागृत करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर आज दिनांक 25 जनवरी 2026 को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, हरिद्वार के सभागार में एक गरिमामय एवं प्रेरणादायी शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार श्री नरेंद्र दत्त जी ने की।
इस अवसर पर माननीय जनपद न्यायाधीश द्वारा उपस्थित समस्त न्यायिक अधिकारियों, न्यायालय के सभी अधिकारी-कर्मचारियों को लोकतंत्र की मर्यादा बनाए रखने, संविधानिक मूल्यों की रक्षा करने तथा स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण निर्वाचन की गरिमा को अक्षुण्ण रखते हुए अपने मताधिकार का प्रयोग करने की शपथ दिलाई गई। शपथ के दौरान विशेष रूप से इस बात पर बल दिया गया कि प्रत्येक मतदाता धर्म, वर्ग, जाति, समुदाय, भाषा या किसी भी प्रकार के प्रलोभन से प्रभावित हुए बिना निर्भीक होकर मतदान करे।
माननीय जनपद न्यायाधीश श्री नरेंद्र दत्त ने अपने संबोधन में कहा कि मतदान केवल एक अधिकार नहीं, बल्कि लोकतंत्र के प्रति नागरिक का कर्तव्य भी है। उन्होंने कहा कि यदि मतदाता जागरूक, निष्पक्ष और जिम्मेदार होगा तो लोकतांत्रिक व्यवस्था स्वतः सशक्त होगी। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि न्यायिक तंत्र का दायित्व केवल न्याय प्रदान करना ही नहीं, बल्कि नागरिकों को उनके संवैधानिक अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति सजग करना भी है।
जनपद न्यायाधीश ने कहा कि लोकतंत्र तभी मजबूत हो सकता है जब हर नागरिक बिना किसी दबाव और भय के अपने मताधिकार का प्रयोग करे। स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव किसी भी लोकतांत्रिक राष्ट्र की आत्मा होते हैं और इन्हें अक्षुण्ण बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे अपने-अपने स्तर पर समाज में मतदान के प्रति सकारात्मक संदेश फैलाएं।
कार्यक्रम में सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार श्रीमती सिमरनजीतकौर ने अपने विचार रखते हुए कहा कि प्रत्येक नागरिक का एक-एक मत राष्ट्र के भविष्य की दिशा तय करता है। उन्होंने कहा कि विधिक साक्षरता के माध्यम से समाज के अंतिम व्यक्ति तक मतदान का महत्व पहुंचाना आवश्यक है, ताकि कोई भी नागरिक अपने अधिकार से वंचित न रहे। उन्होंने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण समय-समय पर जागरूकता शिविरों, कानूनी सहायता कार्यक्रमों और अभियान के माध्यम से नागरिकों को मतदान सहित अन्य कानूनी अधिकारों के प्रति सजग करता रहा है।
सचिव ने यह भी कहा कि लोकतंत्र में भागीदारी केवल मतदान तक सीमित नहीं है, बल्कि जागरूक रहकर सही और गलत में अंतर समझना भी उतना ही आवश्यक है। उन्होंने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से अपेक्षा की कि वे मतदाता जागरूकता अभियान को जन-जन तक पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
कार्यक्रम के दौरान न्यायालय के विभिन्न अनुभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने सामूहिक रूप से लोकतांत्रिक परंपराओं के पालन, निष्पक्ष मतदान और संविधान के प्रति निष्ठा बनाए रखने का संकल्प लिया। सभागार में उपस्थित वातावरण पूर्णतः अनुशासित, गरिमामय और राष्ट्रहित की भावना से ओत-प्रोत रहा।
राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर आयोजित यह शपथ ग्रहण समारोह न केवल एक औपचारिक कार्यक्रम रहा, बल्कि इसने उपस्थित सभी लोगों को लोकतंत्र के मूल्यों, संविधान की गरिमा और नागरिक कर्तव्यों की याद दिलाई। कार्यक्रम के माध्यम से यह स्पष्ट संदेश दिया गया कि लोकतंत्र की मजबूती केवल सरकार या संस्थाओं की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर जागरूक नागरिक की सहभागिता से ही संभव है।
अंत में, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हरिद्वार द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम मतदाता जागरूकता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ, जिसने लोकतांत्रिक व्यवस्था को सशक्त बनाने के संकल्प को और अधिक मजबूती प्रदान की।



