जनसुनवाई में उमड़ी फरियादियों की उमडी भीड़,, 57 शिकायतें दर्ज – 32 का मौके पर हो गया निस्तारण,, CDO ने साफ कहा – लापरवाही बर्दाश्त नहीं, दोषियों पर होगी कार्रवाई,, जनसुनवाई में जमीन विवाद, अतिक्रमण, बिजली और राजस्व मामलों का बोलबाला,, सीडीओ का कड़ा निर्देश – “जनता की समस्या के समाधान में देरी बर्दाश्त नहीं

इन्तजार रजा हरिद्वार- जनसुनवाई में उमड़ी फरियादियों की उमडी भीड़,,
57 शिकायतें दर्ज – 32 का मौके पर हो गया निस्तारण,,
CDO ने साफ कहा – लापरवाही बर्दाश्त नहीं, दोषियों पर होगी कार्रवाई,,
जनसुनवाई में जमीन विवाद, अतिक्रमण, बिजली और राजस्व मामलों का बोलबाला,,
सीडीओ का कड़ा निर्देश – “जनता की समस्या के समाधान में देरी बर्दाश्त नहीं
हरिद्वार, 17 नवंबर 2025
जनपद में जनता की समस्या सुनने और उन्हें त्वरित राहत दिलाने के उद्देश्य से मुख्य विकास अधिकारी ललित नारायण मिश्र की अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित हुआ। सुबह से ही विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादियों की भीड़ जिला कार्यालय में उमड़ पड़ी। कार्यक्रम के दौरान कुल 57 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 32 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को त्वरित समाधान हेतु भेजा गया।सीडीओ ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा— “जनता की समस्याओं पर शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जो अधिकारी समय पर समाधान नहीं करेगा, उस पर कार्रवाई तय है।”
जनसुनवाई में जमीन विवाद, अतिक्रमण, बिजली और राजस्व मामलों का बोलबाला
जनसुनवाई कार्यक्रम में एक बार फिर यह साफ दिखा कि हरिद्वार में भूमि विवाद, अवैध कब्जे और अतिक्रमण सबसे बड़ी समस्या बन चुके हैं। कई मामलों में लोगों ने बताया कि स्थानीय दबंग और भूमाफिया सरकारी व निजी भूमि पर अवैध कब्जा कर रहे हैं, जिससे लोग परेशान हैं।
कुछ प्रमुख शिकायतें जिन पर फरियादियों ने लगाई गुहार—
1️⃣ जगजीतपुर वार्ड 57 का सरकारी तालाब कब्जे में
आवेदक नीतीश वालिया और क्षेत्रवासियों ने बताया कि खसरा नंबर 525 पर स्थित सरकारी तालाब/जोहड़ की जमीन पर टीनशेड और पक्का गेट लगाकर अवैध कब्जा कर लिया गया है। लोगों ने कार्रवाई की मांग की।
2️⃣ भुरनी रवतीपुर की किसान महिला की गुहार
सुरेश देवी, पत्नी स्व. रामकरण ने बताया कि खसरा नंबर 122 की खेती योग्य भूमि पर कुछ लोग कब्जा करना चाह रहे हैं। महिला ने कहा कि यही जमीन उनके परिवार की आजीविका का सहारा है।
3️⃣ बदीवाला (नौकरा ग्रांट) में पैतृक संपत्ति का विवाद
मुकेश सिंह ने आरोप लगाया कि उनके बड़े भाई ने खसरा 749 की जमीन पर अवैध तरीके से दानपत्र तैयार करा लिया है, जिसकी जांच की मांग की गई।
4️⃣ अन्नेकी कलां – कृषि भूमि पर दबंगों की नजर
सर्वेश कुमार ने शिकायत दर्ज कराई कि पड़ोसी उनकी कृषि भूमि (खसरा 29) पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं।
5️⃣ पिरान कलियर – भूमाफियाओं द्वारा अवैध कॉलोनी काटने की शिकायत
ताहिर हसन ने बताया कि नगर पंचायत क्षेत्र में जमीन पर अवैध कॉलोनी काटी जा रही है। कार्रवाई की मांग की गई।
6️⃣ गाढ़मीरपुर – पैमाइश रुकी, जमीन पर कब्जा जारी
तेजपाल सिंह और जगदीश प्रसाद ने बताया कि मीरपुर मूवाज़र में स्थित जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया गया है। पैमाइश कराने की मांग की गई।
7️⃣ माहेश्वरी, भगवानपुर – रास्ता बंद
मुकेश, निवासी माहेश्वरी ने कहा कि उनकी पैतृक संपत्ति की ओर जाने वाला रास्ता दबंगों ने बंद कर दिया है। रास्ता खुलवाने की मांग की।
8️⃣ ज्वालापुर – महिला का राशन कार्ड बंद
शाहीन, पत्नी एहसान ने बताया कि राशन कार्ड बिना वजह बंद कर दिया गया है। पुन: चालू करने की मांग की।
9️⃣ हजाराग्रांट – जर्जर पानी की टंकी दुर्घटना को आमंत्रण
प्रधान ममतेश ने बताया कि गांव के बीचोंबीच बनी पुरानी पानी की टंकी बेहद कमजोर हो चुकी है और किसी भी वक्त गिर सकती है। तत्काल गिराने की मांग की गई।
🔟 खाला टिहरा का मुख्य जोहड़—अवैध कब्जे से मुक्त कराने की मांग
ग्रामवासी अमरपाल और अन्य ने शिकायत दी कि गांव के मुख्य जोहड़ पर कब्जा किया गया है, जिसे हटाया जाए।
सीडीओ का कड़ा निर्देश – “जनता की समस्या के समाधान में देरी बर्दाश्त नहीं”
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने साफ शब्दों में कहा कि—
“जनसुनवाई में आई शिकायतों को अधिकारी समयबद्धता के साथ निस्तारित करें। शिथिलता बरतने वाले अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई होगी।” उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि किसी भी शिकायतकर्ता को विभागों के चक्कर न काटने पड़ें, उनकी समस्याओं को प्राथमिकता के साथ हल किया जाए।
CM हेल्पलाइन की समीक्षा – 524 शिकायतें L1 पर लंबित, 88 L2 पर!
सीडीओ ने सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों की समीक्षा की तो चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए—
- L1 पर 524 शिकायतें लंबित
- L2 पर 88 शिकायतें लंबित
सीडीओ ने तुरंत चेतावनी देते हुए कहा—
“जिन विभागों ने 36 दिन के भीतर शिकायतों का निस्तारण नहीं किया है, वे तुरंत कार्रवाई करें। निस्तारण में देरी हुई तो उसके लिए संबंधित अधिकारी सीधे जिम्मेदार होंगे।” उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि अधिकारी स्वयं शिकायतकर्ताओं को फोन कर शिकायतों की स्थिति समझें और समाधान सुनिश्चित करें।
जिला अधिकारी, सीएमओ, एसडीएम, सिटी मजिस्ट्रेट सहित सभी विभागों की मौजूदगी
जनसुनवाई कार्यक्रम में कई महत्वपूर्ण अधिकारी मौजूद रहे—
- अपर जिलाधिकारी दीपेन्द्र सिंह नेगी
- सीएमओ डॉ. आर. के. सिंह
- जिला विकास अधिकारी वेद प्रकाश
- एसडीएम जितेंद्र कुमार
- सिटी मजिस्ट्रेट कुशम चौहान
- जिला पंचायत राज अधिकारी अतुल प्रताप सिंह
- जिला अर्थ एवं सांख्यिकी अधिकारी नलिनी ध्यानी
- जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा रावत
- जिला शिक्षा अधिकारी आशुतोष भंडारी
- एआरटीओ (रुड़की) एल्विन
- सैनिक कल्याण अधिकारी विंग कमांडर (से.नि.) डॉ. सरिता पंवार
- अपर परियोजना निदेशक नलिनीत घिल्डियाल
- जिला समाज कल्याण अधिकारी अविनाश सिंह भदौरिया
जनसुनवाई कार्यक्रम ने एक बार फिर साबित कर दिया कि हरिद्वार में जमीन विवाद और अतिक्रमण की समस्या गंभीर है और जनता प्रशासन से त्वरित राहत चाहती है।
सीडीओ की कड़ी चेतावनी ने अधिकारियों को भी साफ संदेश दे दिया है—



