रात्रिकालीन चेकिंग अभियान में परिवहन विभाग की सख़्त कार्रवाई,लक्कड़ ओवरलोडिंग करने वालों में हड़कंप,, ARTO (प्रवर्तन) नेहा झा के नेतृत्व में ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्रॉलीयों पर अब और निर्णायक होगा शिकंजा,, लकड़ी के लट्ठों से भरी ओवरलोडिंग ट्रॉलियों पर चला परिवहन कानून का डंडा, 17 वाहन सीज़, आगे जनहित में अपील और अल्टीमेटम

इन्तजार रजा हरिद्वार- रात्रिकालीन चेकिंग अभियान में परिवहन विभाग की सख़्त कार्रवाई,लक्कड़ ओवरलोडिंग करने वालों में हड़कंप,,
ARTO (प्रवर्तन) नेहा झा के नेतृत्व में ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्रॉलीयों पर अब और निर्णायक होगा शिकंजा,,
लकड़ी के लट्ठों से भरी ओवरलोडिंग ट्रॉलियों पर चला परिवहन कानून का डंडा, 17 वाहन सीज़, आगे जनहित में अपील और अल्टीमेटम
हरिद्वार में सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ाने वालों के खिलाफ परिवहन विभाग ने सख़्त रुख अपनाते हुए रात्रिकालीन विशेष चेकिंग अभियान चलाया। दिनांक 29 जनवरी 2026 की रात संचालित इस अभियान का नेतृत्व ARTO (प्रवर्तन) नेहा झा ने स्वयं मोर्चा संभालते हुए किया। अभियान के दौरान ओवरलोडिंग, अवैध परिवहन और नियमों की अनदेखी कर रहे वाहन चालकों में हड़कंप मच गया।
परिवहन विभाग की टीम ने शहर एवं ग्रामीण क्षेत्रों को जोड़ने वाले प्रमुख मार्गों पर घेराबंदी कर संदिग्ध वाहनों की सघन जांच की। चेकिंग के दौरान सामने आया कि कई ट्रैक्टर-ट्रॉलियां लकड़ी के भारी लट्ठों से बुरी तरह ओवरलोड थीं, जिनकी लंबाई 15 से 20 फीट तक बाहर निकली हुई थी। ऐसे वाहनों का रात्रि में संचालन न केवल यातायात नियमों का घोर उल्लंघन है, बल्कि यह आम नागरिकों के जीवन के लिए भी गंभीर खतरा बन चुका था।
अभियान के दौरान कुल 23 वाहनों के चालान किए गए, जबकि गंभीर अनियमितताओं पर 17 वाहनों को मौके पर ही सीज़ कर दिया गया। सीज़ किए गए वाहनों में अधिकांश ट्रैक्टर-ट्रॉलियां शामिल हैं, जिन पर क्षमता से कई गुना अधिक लकड़ी लादी गई थी। बिना रिफ्लेक्टर, बिना संकेतक और अंधेरे में सड़कों पर दौड़ते ये वाहन कभी भी बड़े हादसे को अंजाम दे सकते थे।
स्थानीय लोगों की लंबे समय से शिकायत रही थी कि रात्रिकालीन समय में पेड़ कटान से जुड़ी लकड़ी को ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के माध्यम से ओवरलोडिंग ढोया जा रहा है, जिससे न केवल वन संपदा को नुकसान पहुंच रहा है, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं का खतरा भी लगातार बढ़ रहा है। परिवहन विभाग की इस कार्रवाई को आमजन ने राहत की कार्रवाई बताया है।
ARTO (प्रवर्तन) नेहा झा ने अभियान के दौरान साफ शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि ओवरलोडिंग किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा—
“ओवरलोडिंग से जनजीवन को सीधा खतरा है। ऐसे वाहन न केवल स्वयं चालक के लिए बल्कि सड़क पर चल रहे हर व्यक्ति के लिए जानलेवा साबित हो सकते हैं। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख़्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि परिवहन विभाग अब केवल दिन में ही नहीं, बल्कि रात्रिकालीन समय में भी लगातार चेकिंग अभियान चलाएगा ताकि अवैध और खतरनाक परिवहन पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सके। विभाग की टीम ने वाहन चालकों के दस्तावेज, परमिट, फिटनेस और ओवरलोडिंग मानकों की भी गहन जांच की।
इस कार्रवाई से उन वाहन संचालकों में खलबली मच गई है, जो लंबे समय से नियमों को ताक पर रखकर अवैध परिवहन कर रहे थे। विभागीय सूत्रों के अनुसार आने वाले दिनों में वन विभाग और पुलिस के साथ संयुक्त अभियान भी प्रस्तावित है, जिससे लकड़ी परिवहन की जड़ पर प्रहार किया जा सके।
परिवहन विभाग ने आम वाहन चालकों से अपील की है कि वे यातायात नियमों का पालन करें, वाहन क्षमता के अनुरूप ही माल का परिवहन करें और रात्रि में बिना सुरक्षा मानकों के वाहन संचालन से बचें। नियमों का उल्लंघन न केवल आर्थिक दंड का कारण बनता है, बल्कि यह दूसरों की जान को भी खतरे में डालता है।
हरिद्वार में चलाया गया यह अभियान स्पष्ट संदेश देता है कि अब कानून से खिलवाड़ करने वालों के लिए कोई नरमी नहीं। परिवहन विभाग का यह सख़्त रुख आने वाले समय में सड़क सुरक्षा को लेकर एक मजबूत उदाहरण साबित हो सकता है।



