रानीपुर मोड़ पर तीन दिन से जारी था धरना-प्रदर्शन,, सिटी मजिस्ट्रेट की पहल पर जोमेटो डिलीवरी बॉय का अनशन समाप्त,, मांगपत्र पर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन, जूस पिलाकर खत्म कराया गया अनशन

इन्तजार रजा हरिद्वार- रानीपुर मोड़ पर तीन दिन से जारी था धरना-प्रदर्शन,,
सिटी मजिस्ट्रेट की पहल पर जोमेटो डिलीवरी बॉय का अनशन समाप्त,,
मांगपत्र पर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन, जूस पिलाकर खत्म कराया गया अनशन
हरिद्वार, 26 फरवरी 2026।
हरिद्वार के रानीपुर मोड़ पर पिछले तीन दिनों से अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अनशन पर बैठे फूड डिलीवरी कंपनी के डिलीवरी बॉय और कार्मिकों का अनशन आज प्रशासनिक हस्तक्षेप के बाद समाप्त हो गया। सिटी मजिस्ट्रेट ने पहल करते हुए कंपनी प्रतिनिधियों और अनशनकारियों के बीच वार्ता कराई, जिसके बाद जूस पिलाकर आंदोलन खत्म कराया गया।
डिलीवरी बॉय की मुख्य मांगों में कंपनी द्वारा निर्धारित समय पर डिलीवरी न होने की स्थिति में उनके प्वाइंट और वेतन में की जाने वाली कटौती को समाप्त करना, वेतन में वृद्धि करना तथा कार्य परिस्थितियों में सुधार शामिल था। कार्मिकों का कहना था कि कई बार ट्रैफिक, मौसम या तकनीकी कारणों से समय पर डिलीवरी संभव नहीं हो पाती, लेकिन इसका सीधा असर उनके इंसेंटिव और सैलरी पर पड़ता है। इस व्यवस्था से वे आर्थिक और मानसिक दबाव में काम करने को मजबूर हैं।
तीन दिन से जारी इस अनशन के चलते रानीपुर मोड़ क्षेत्र में माहौल संवेदनशील बना हुआ था। मामले की गंभीरता को देखते हुए नगर प्रशासन ने हस्तक्षेप किया। नगर मजिस्ट्रेट हरिद्वार श्री कुश्म चौहान ने कंपनी के पदाधिकारियों और अनशन कर रहे कर्मचारियों को नगर मजिस्ट्रेट कार्यालय में बुलाकर विस्तृत वार्ता की। बैठक में दोनों पक्षों ने अपनी-अपनी बात रखी।
डिलीवरी कर्मियों ने लिखित मांगपत्र प्रशासन को सौंपा, जिसमें वेतन वृद्धि, प्वाइंट कटौती प्रणाली में संशोधन और काम के घंटों को लेकर स्पष्ट नीति बनाए जाने की मांग की गई। नगर मजिस्ट्रेट ने कंपनी प्रतिनिधियों से इस मांगपत्र पर नियमानुसार और संवेदनशीलता के साथ विचार करने को कहा। उन्होंने आश्वासन दिया कि श्रमिकों के हितों की अनदेखी नहीं होने दी जाएगी और जो भी संभव होगा, नियमों के अंतर्गत समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा।
वार्ता के बाद सकारात्मक माहौल बना और अनशनकारियों ने प्रशासन के आश्वासन पर भरोसा जताते हुए अपना आंदोलन समाप्त करने का निर्णय लिया। इसके उपरांत नगर मजिस्ट्रेट ने स्वयं जूस पिलाकर अनशन समाप्त कराया। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारी और कंपनी के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
अनशन समाप्त होने से क्षेत्र में सामान्य स्थिति बहाल हो गई है। डिलीवरी कर्मियों ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर समयबद्ध कार्रवाई नहीं हुई तो वे पुनः आंदोलन की राह अपना सकते हैं, लेकिन फिलहाल वे प्रशासन के आश्वासन से संतुष्ट हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि श्रमिकों और कंपनी के बीच समन्वय बनाकर समाधान निकालना प्राथमिकता है, ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा आम जनता को न हो और श्रमिकों के अधिकारों की भी रक्षा हो सके।



