साइकिल पर सवार होकर दफ्तर पहुंचे एआरटीओ निखिल शर्मा! हरिद्वार में दिया ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण का बड़ा संदेश,, “VIP संस्कृति से अलग दिखी सादगी — बोले, छोटी दूरी के लिए वाहन छोड़ें, पैदल चले या साइकिल अपनाएं,, “डीएम मयूर दीक्षित की पैदल दफ्तर पहुंचने की पहल के बाद अब एआरटीओ प्रशासन की नई मिसाल, लोगों ने की जमकर सराहना” राष्ट्र हित मे ईंधन बचाने की अपील

इन्तजार रजा हरिद्वार -“साइकिल पर सवार होकर दफ्तर पहुंचे एआरटीओ निखिल शर्मा! हरिद्वार में दिया ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण का बड़ा संदेश,,
“VIP संस्कृति से अलग दिखी सादगी — बोले, छोटी दूरी के लिए वाहन छोड़ें, पैदल चले या साइकिल अपनाएं,,
“डीएम मयूर दीक्षित की पैदल दफ्तर पहुंचने की पहल के बाद अब एआरटीओ प्रशासन की नई मिसाल, लोगों ने की जमकर सराहना”
राष्ट्र हित मे ईंधन बचाने की अपील
हरिद्वार। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण को लेकर देशवासियों से की गई अपील अब हरिद्वार में असर दिखाने लगी है। प्रशासनिक अधिकारी अब केवल अपील तक सीमित नहीं हैं, बल्कि खुद मैदान में उतरकर लोगों को जागरूक करने में जुट गए हैं।
इसी कड़ी में एआरटीओ प्रशासन हरिद्वार निखिल शर्मा आज शनिवार को साइकिल से कार्यालय पहुंचे। सड़क पर साइकिल चलाते हुए एआरटीओ को देखकर लोग भी हैरान रह गए। दफ्तर पहुंचने के बाद कर्मचारियों और आम नागरिकों ने उनकी इस पहल की जमकर सराहना की।निखिल शर्मा ने कहा कि अगर हर व्यक्ति छोटी दूरी के लिए निजी वाहन का उपयोग कम कर दे तो देश में ईंधन की बड़ी बचत हो सकती है। उन्होंने कहा कि साइकिल और पैदल चलने की आदत न केवल पर्यावरण के लिए बेहतर है बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी बेहद लाभकारी है।
“ईंधन बचाना अब राष्ट्रीय जिम्मेदारी”
एआरटीओ प्रशासन निखिल शर्मा ने कहा कि पेट्रोल और डीजल की लगातार बढ़ती खपत चिंता का विषय है। ऐसे में हर नागरिक की जिम्मेदारी बनती है कि वह ईंधन बचत को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाए। उन्होंने कहा कि अनावश्यक रूप से वाहन निकालने की आदत छोड़नी होगी। छोटी दूरी के लिए साइकिल, पैदल चलना और कार पूलिंग जैसे विकल्प अपनाने होंगे, तभी पर्यावरण संरक्षण का लक्ष्य हासिल किया जा सकेगा।
“डीएम मयूर दीक्षित की पहल से मिला संदेश”
हरिद्वार में इससे पहले जिलाधिकारी मयूर दीक्षित भी अपने सरकारी आवास से पैदल कार्यालय पहुंचकर लोगों को ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे चुके हैं। अब एआरटीओ प्रशासन निखिल शर्मा की साइकिल यात्रा ने इस मुहिम को और मजबूती दे दी है।लोगों का कहना है कि जब प्रशासनिक अधिकारी खुद सादगी और जिम्मेदारी का उदाहरण पेश करेंगे तो जनता पर उसका सकारात्मक असर जरूर पड़ेगा।
“सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीरें”
एआरटीओ प्रशासन निखिल शर्मा की साइकिल से कार्यालय पहुंचने की तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। लोग इसे प्रशासनिक संवेदनशीलता और जागरूकता का बेहतरीन उदाहरण बता रहे हैं।युवाओं ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि यदि सप्ताह में एक दिन भी लोग साइकिल का उपयोग शुरू कर दें तो शहरों में प्रदूषण काफी हद तक कम किया जा सकता है।
“स्वास्थ्य, पर्यावरण और बचत — तीनों का संदेश”
विशेषज्ञों का मानना है कि साइकिल चलाने से जहां ईंधन की बचत होती है, वहीं स्वास्थ्य भी बेहतर रहता है। लगातार बढ़ते प्रदूषण के बीच ऐसी पहल समाज को नई दिशा देने का काम करती हैं।अब हरिद्वार में एआरटीओ प्रशासन निखिल शर्मा की यह पहल चर्चा का बड़ा विषय बन चुकी है। सवाल यही है कि क्या अब आम लोग भी इस मुहिम से जुड़कर ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण में अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे?


