लक्सर में ‘सियासी एक्शन’ ! विधायक मौ.शहजाद ने SSP को लिखा पत्र,, कथित झूठे मुकदमों को लेकर उठाई निष्पक्ष जांच की मांग, बोले मौ शहजाद—दोषी बख्शे न जाएं और निर्दोषों को मिले न्याय,, निर्दोषों को फंसाने वालों का हो पर्दाफाश,, कथित झूठे मुकदमों पर गरमाया माहौल, राजनीतिक संरक्षण तक उठे सवाल—विधायक ने मांगी उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच

लक्सर में ‘सियासी एक्शन’ ! विधायक मौ.शहजाद ने SSP को लिखा पत्र,,
कथित झूठे मुकदमों को लेकर उठाई निष्पक्ष जांच की मांग, बोले मौ शहजाद—दोषी बख्शे न जाएं और निर्दोषों को मिले न्याय,, निर्दोषों को फंसाने वालों का हो पर्दाफाश,, कथित झूठे मुकदमों पर गरमाया माहौल, राजनीतिक संरक्षण तक उठे सवाल—विधायक ने मांगी उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच

लक्सर/हरिद्वार। लक्सर क्षेत्र में प्रतिबंधित पशुओं के अवशेष मिलने से जुड़े मामलों को लेकर अब सियासी हलचल तेज हो गई है। लक्सर विधायक शहजाद ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, हरिद्वार को पत्र भेजकर कुछ लोगों को कथित रूप से झूठे मुकदमों में फंसाए जाने के आरोपों की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। विधायक के इस कदम के बाद मामले ने नया राजनीतिक मोड़ ले लिया है।
विधायक ने अपने पत्र में कहा है कि पिछले करीब एक माह से लक्सर क्षेत्र के अलग-अलग स्थानों पर प्रतिबंधित पशुओं के अवशेष मिलने की घटनाएं सामने आ रही हैं। इन घटनाओं को लेकर पुलिस द्वारा मुकदमे दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। विधायक ने कार्रवाई पर सवाल उठाने के बजाय यह मांग की है कि जांच हर पहलू को ध्यान में रखकर निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़े, ताकि वास्तविक दोषियों तक पहुंचा जा सके और किसी निर्दोष व्यक्ति के साथ अन्याय न हो।
सुल्तानपुर और रायसी की घटनाओं का भी पत्र में जिक्र
विधायक शहजाद ने SSP को भेजे पत्र में सुल्तानपुर चौकी क्षेत्र में बजरंग दल एवं अन्य हिंदू संगठनों के प्रदर्शन के बाद हुए घटनाक्रम का उल्लेख किया है। उन्होंने कुछ व्यक्तियों के खिलाफ हुई कार्रवाई की परिस्थितियों की भी जांच कराने की मांग की है।
इसी तरह रायसी चौकी क्षेत्र की घटना का उल्लेख करते हुए विधायक ने प्रतिबंधित पशुओं को काटने अथवा उनके मांस के कारोबार से जुड़े आरोपों की वास्तविकता सामने लाने की आवश्यकता बताई है।
विधायक का कहना है कि ऐसे संवेदनशील मामलों में साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई होनी चाहिए, जिससे किसी भी पक्ष के साथ अन्याय की स्थिति न बने।
राजनीतिक संरक्षण के आरोपों की भी हो जांच
पत्र में विधायक ने यह भी मांग की है कि यदि किसी स्तर पर राजनीतिक संरक्षण अथवा दबाव की भूमिका रही है तो उसकी भी निष्पक्ष जांच की जाए। उनका कहना है कि मामले की जांच ऐसी होनी चाहिए जिससे पूरी तस्वीर साफ हो सके और किसी भी व्यक्ति को केवल राजनीतिक कारणों से परेशानी न उठानी पड़े।
उन्होंने SSP से अनुरोध किया कि लक्सर क्षेत्र में ऐसे मामलों से जुड़े सभी पुराने प्रकरणों की भी समीक्षा कराई जाए और यह देखा जाए कि जिन लोगों के खिलाफ कार्रवाई हुई, उनके विरुद्ध पर्याप्त तथ्य एवं साक्ष्य मौजूद हैं या नहीं।
दोषी मिले तो कार्रवाई, निर्दोष हों तो राहत
विधायक शहजाद ने स्पष्ट कहा कि यदि जांच में कोई व्यक्ति वास्तव में दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं यदि कोई व्यक्ति जांच में निर्दोष पाया जाता है तो उसे तत्काल राहत मिलनी चाहिए।
उन्होंने वर्ष 2022 से 2026 के बीच लक्सर क्षेत्र में सामने आई ऐसी घटनाओं का भी पत्र में उल्लेख करते हुए संबंधित मामलों की निष्पक्ष समीक्षा की मांग की है।
अब जांच से सामने आएगी पूरी तस्वीर
विधायक के पत्र के बाद अब निगाहें आगामी जांच पर हैं। मामला संवेदनशील होने के कारण इसमें कानूनी प्रक्रिया, उपलब्ध साक्ष्य और निष्पक्ष जांच के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
विधायक शहजाद ने SSP से यह भी आग्रह किया है कि यदि जांच में किसी व्यक्ति को झूठे मुकदमे में फंसाए जाने की बात सामने आती है तो उसके लिए जिम्मेदारी तय की जाए और वास्तविक दोषियों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
लक्सर की सियासत में उठे इस मुद्दे का अगला अध्याय अब जांच के नतीजों से तय होगा—दोषी कौन और निर्दोष कौन, तस्वीर तथ्यों के सामने आने के बाद ही साफ होगी।



