कांवड़ और कुंभ से पहले डीएम मयूर दीक्षित का बड़ा अल्टीमेटम! फ्लाईओवर निर्माण में देरी बर्दाश्त नहीं, 30 जून तक हर हाल में पूरा करें काम,, बहादराबाद बाईपास से जगजीतपुर तक निर्माणाधीन परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण, श्रमिक और डंपर बढ़ाने के निर्देश, बाधाएं हटाने को प्रशासन सख्त,, “कांवड़ मेले के दौरान नहीं होगा कोई निर्माण कार्य” — जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने गुणवत्ता और समयबद्धता पर दिया जोर, अधिकारियों-कॉन्ट्रैक्टरों को चेताया,,

कांवड़ और कुंभ से पहले डीएम मयूर दीक्षित का बड़ा अल्टीमेटम! फ्लाईओवर निर्माण में देरी बर्दाश्त नहीं, 30 जून तक हर हाल में पूरा करें काम,,
बहादराबाद बाईपास से जगजीतपुर तक निर्माणाधीन परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण, श्रमिक और डंपर बढ़ाने के निर्देश, बाधाएं हटाने को प्रशासन सख्त,,
“कांवड़ मेले के दौरान नहीं होगा कोई निर्माण कार्य” — जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने गुणवत्ता और समयबद्धता पर दिया जोर, अधिकारियों-कॉन्ट्रैक्टरों को चेताया,,
इन्तजार रजा हरिद्वार.. आगामी कांवड़ यात्रा और कुंभ मेला-2027 की तैयारियों को लेकर जिला प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में दिखाई दे रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने गुरुवार को रिंग रोड परियोजना के अंतर्गत बहादराबाद बाईपास से जगजीतपुर तक निर्माणाधीन फ्लाईओवर और सड़क निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर कार्यदायी संस्थाओं, अधिकारियों और ठेकेदारों को स्पष्ट संदेश दिया कि किसी भी प्रकार की लापरवाही अब स्वीकार नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों की प्रगति का बारीकी से जायजा लिया और मौके पर मौजूद अधिकारियों से अब तक हुए कार्यों तथा शेष निर्माण की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि हरिद्वार में आगामी कांवड़ यात्रा और कुंभ मेला करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा आयोजन है, ऐसे में यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए फ्लाईओवर परियोजनाओं का समय पर पूरा होना बेहद आवश्यक है।
डीएम मयूर दीक्षित ने कार्यदायी संस्था और संबंधित कांट्रेक्टरों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि 30 जून तक पूर्ण किए जा सकने वाले सभी कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर हर हाल में पूरा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कांवड़ मेले के दौरान किसी भी प्रकार का सड़क निर्माण कार्य नहीं किया जाएगा। इसलिए वर्तमान समय ही निर्माण कार्यों को अंतिम रूप देने का अवसर है और इसमें किसी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पाया कि कुछ स्थानों पर कार्य की गति अपेक्षित स्तर पर नहीं है। इस पर उन्होंने श्रमिकों की संख्या बढ़ाने और मिट्टी ढुलाई के लिए अधिक डंपर लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संसाधनों की कमी को बहाना नहीं बनाया जा सकता। आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त मशीनरी और मानव संसाधन तत्काल लगाए जाएं ताकि निर्माण कार्यों में तेजी लाई जा सके।डीएम ने विशेष रूप से फ्लाईओवर निर्माण के मार्ग में आ रही विभिन्न बाधाओं पर भी चर्चा की। उन्होंने भूमि संबंधी मामलों, वृक्ष कटान, उपयोगिता शिफ्टिंग और अन्य प्रशासनिक अड़चनों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय स्थापित कर सभी लंबित मामलों का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने को कहा ताकि निर्माण कार्य किसी भी स्तर पर प्रभावित न हो।
उन्होंने कहा कि हरिद्वार की यातायात व्यवस्था को भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। कांवड़ यात्रा के दौरान लाखों श्रद्धालुओं और वाहनों का दबाव शहर की सड़कों पर रहता है, जबकि कुंभ मेले में यह संख्या कई गुना बढ़ जाती है। ऐसे में फ्लाईओवर और रिंग रोड परियोजनाएं केवल विकास कार्य नहीं बल्कि भविष्य की यातायात चुनौतियों का स्थायी समाधान हैं।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों और निर्माण एजेंसियों को निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए। उन्होंने कहा कि समयबद्धता और गुणवत्ता दोनों समान रूप से महत्वपूर्ण हैं। जल्दबाजी में ऐसा कोई कार्य न किया जाए जिससे भविष्य में सड़क या फ्लाईओवर की गुणवत्ता प्रभावित हो।निरीक्षण के दौरान मौजूद अधिकारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सभी विभाग समन्वित रूप से कार्य करें और किसी भी समस्या की सूचना तत्काल प्रशासन को दें। यदि किसी स्तर पर अवरोध उत्पन्न होता है तो उसका समाधान तत्काल किया जाएगा, लेकिन निर्माण कार्य रुकना नहीं चाहिए।
जिलाधिकारी के इस निरीक्षण को आगामी कांवड़ यात्रा और कुंभ मेले की तैयारियों के दृष्टिगत बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को यातायात जाम, डायवर्जन और निर्माणाधीन मार्गों की समस्याओं का सामना न करना पड़े। इसी वजह से प्रशासन अब परियोजनाओं की लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है। स्थलीय निरीक्षण के दौरान उप मेला अधिकारी एवं एसएलओ आकाश जोशी, एनएचएआई के प्रोजेक्ट निदेशक विशाल गोयल, कांट्रेक्टर नरेश मंगला, सालवान सिंह गुलेरिया सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने अंत में दो टूक शब्दों में कहा कि कांवड़ यात्रा और कुंभ मेले की तैयारियों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी निर्माण एजेंसियां, विभागीय अधिकारी और संबंधित कर्मचारी पूरी जिम्मेदारी और समर्पण के साथ कार्य करें ताकि हरिद्वार देश और दुनिया से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित यात्रा अनुभव प्रदान कर सके।



