झबरेडा डबल मर्डर के बाद ‘एक्शन क्लाइमैक्स’! मुठभेड़ में टूटा झबरेडा के डबल मर्डर के आरोपी का ‘गोलियों वाला गुरूर’! बहन और उसके प्रेमी की हत्या के बाद फरार अमन ने पुलिस पर दागी गोलियां, जवाबी फायरिंग में पैर में लगी गोली; अस्पताल पहुंचे एसपी ग्रामीण अभय प्रताप सिंह ने घायल आरोपी से की पूछताछ

झबरेडा डबल मर्डर के बाद ‘एक्शन क्लाइमैक्स’! मुठभेड़ में टूटा झबरेडा के डबल मर्डर के आरोपी का ‘गोलियों वाला गुरूर’!
बहन और उसके प्रेमी की हत्या के बाद फरार अमन ने पुलिस पर दागी गोलियां, जवाबी फायरिंग में पैर में लगी गोली; अस्पताल पहुंचे एसपी ग्रामीण अभय प्रताप सिंह ने घायल आरोपी से की पूछताछ

हरिद्वार/झबरेड़ा। झबरेड़ी कलां के डबल मर्डर की सनसनी अभी ठंडी भी नहीं पड़ी थी कि फरार आरोपी अमन उर्फ भरोसी ने पुलिस से ही मोर्चा खोल दिया। पुलिस के मुताबिक, नहर पुल पिकेट पर चेकिंग के दौरान घेराबंदी होते ही आरोपी ने पुलिस टीम पर फायर झोंक दिया और बाइक लेकर भागने लगा। पुलिस ने आत्मसमर्पण की चेतावनी दी, लेकिन फायरिंग जारी रहने पर जवाबी कार्रवाई की गई। गोली आरोपी के पैर में लगी और आखिरकार उसका भागने का रास्ता बंद हो गया।
घायल आरोपी को पुलिस ने उपचार के लिए राजकीय अस्पताल हरिद्वार में भर्ती कराया। घटना की जानकारी मिलते ही एसपी ग्रामीण अभय प्रताप सिंह अस्पताल पहुंचे और घायल अमन उर्फ भरोसी से पूरे घटनाक्रम को लेकर पूछताछ की। पुलिस अधिकारियों ने अस्पताल में आरोपी की स्थिति और मामले की जांच से जुड़े बिंदुओं की भी जानकारी ली।
26 सितंबर को दो गोलियां नहीं, दो जिंदगियां खत्म हुई थीं
पुलिस के मुताबिक, 26 सितंबर 2026 को ग्राम झबरेड़ी कलां में अमन उर्फ भरोसी ने अपनी बहन रुपा और करीब 18 वर्षीय सूरज उर्फ मुन्ना को तमंचे से गोली मार दी थी। दोनों की मौत के बाद गांव में सनसनी फैल गई थी।
पुलिस जांच में प्रारंभिक तौर पर सामने आया कि मामला बहन और सूरज के कथित प्रेम प्रसंग से जुड़ा था। पुलिस के अनुसार, आरोपी इस रिश्ते को लेकर नाराज था और उसे परिवार तथा समाज में बदनामी का डर था। इसी कथित वजह से दोनों की हत्या किए जाने की बात पूछताछ में सामने आई है।
मृतक सूरज के पिता अशोक की तहरीर पर कोतवाली झबरेड़ा में मु0अ0सं0 158/2026, धारा 103(1) बीएनएस के तहत अमन उर्फ भरोसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।
डबल मर्डर के बाद आरोपी फरार हो गया। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए कई टीमें लगाईं और संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी।
चेकिंग में दिखा बाइक सवार… फिर अचानक बरसने लगीं गोलियां!
पुलिस के मुताबिक, टीम को सूचना मिली कि डबल मर्डर का वांछित आरोपी अमन उर्फ भरोसी मोटरसाइकिल से अपने गांव की ओर आ रहा है। सूचना मिलते ही नहर पुल पिकेट पर चेकिंग बढ़ा दी गई।
कुछ देर बाद एक बाइक तेज रफ्तार से आती दिखाई दी। पुलिस ने बाइक सवार को रुकने का इशारा किया। पुलिस का दावा है कि बाइक सवार अमन ने रुकने के बजाय पुलिस टीम पर फायर कर दिया और बूढ़पुर पाल बस्ती की ओर जाने वाले रास्ते पर भागने लगा।
इसके बाद पुलिस ने पीछा किया और आरोपी को आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी। आरोप है कि चेतावनी के बावजूद उसने दोबारा पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी।
फिर पुलिस की जवाबी कार्रवाई हुई।
फायरिंग के दौरान गोली आरोपी के पैर में लगी। वह घायल होकर गिर पड़ा और पुलिस ने उसे दबोच लिया।
मुठभेड़ के बाद तमंचा और कारतूस बरामद
पुलिस के अनुसार आरोपी के कब्जे से—
- 01 अवैध तमंचा .315 बोर
- 02 खोखा कारतूस .315 बोर
- 01 जिंदा कारतूस .315 बोर
- 01 बिना नंबर प्लेट की हीरो होंडा मोटरसाइकिल
बरामद की गई।
घायल अमन को तत्काल राजकीय अस्पताल हरिद्वार ले जाया गया, जहां उसका उपचार कराया जा रहा है।
अस्पताल पहुंचे एसपी ग्रामीण, घायल आरोपी से हुई पूछताछ
मुठभेड़ के बाद मामले को लेकर पुलिस अधिकारियों ने भी मोर्चा संभाल लिया। एसपी ग्रामीण अभय प्रताप सिंह राजकीय अस्पताल हरिद्वार पहुंचे और घायल अमन उर्फ भरोसी से पूछताछ की।
पूछताछ में पुलिस के अनुसार आरोपी ने बहन रुपा और सूरज के बीच कथित प्रेम संबंध को लेकर नाराजगी की बात बताई। पुलिस अब आरोपी के बयान, घटनास्थल से मिले साक्ष्य और अन्य परिस्थितिजन्य तथ्यों को आपस में जोड़कर पूरे मामले की कड़ियां खंगाल रही है।
पुलिस यह भी पता लगा रही है कि डबल मर्डर के बाद आरोपी कहां-कहां छिपा, उसने किन लोगों से संपर्क किया और उसके पास अवैध तमंचा कहां से आया।
डबल मर्डर के बाद पुलिस पर फायरिंग, अब दूसरा मुकदमा
मुठभेड़ के संबंध में कोतवाली झबरेड़ा में आरोपी अमन उर्फ भरोसी के खिलाफ मु0अ0सं0 160/2026, धारा 109(1) बीएनएस एवं 3/25(1-बी) आयुध अधिनियम के तहत अलग मुकदमा दर्ज किया गया है।
अब अमन के खिलाफ एक तरफ बहन और सूरज की हत्या का मुकदमा है तो दूसरी तरफ पुलिस टीम पर फायरिंग और अवैध हथियार रखने का मामला दर्ज हो चुका है।
पुलिस आरोपी के आपराधिक इतिहास को भी खंगाल रही है।
चार दिन में कहानी ने लिया खतरनाक मोड़
26 सितंबर को झबरेड़ी कलां में दोहरे हत्याकांड से शुरू हुई कहानी कुछ ही दिनों में पुलिस मुठभेड़ तक पहुंच गई। पहले बहन और युवक की गोली मारकर हत्या का आरोप, फिर फरारी और अब पुलिस चेकिंग के दौरान पुलिस टीम पर फायरिंग।
जिस आरोपी की तलाश में पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही थीं, वही आरोपी पुलिस के सामने आया तो कथित तौर पर गोलियां चलाने लगा। जवाबी कार्रवाई में पैर में गोली लगी और आखिरकार उसकी फरारी का खेल खत्म हो गया।
अब अस्पताल में उपचार के साथ पुलिस पूछताछ जारी है और जांच आगे बढ़ रही है। झबरेड़ी कलां के इस खूनी कांड की असली तस्वीर अब पुलिस की विवेचना, बरामद साक्ष्यों और अदालत में सामने आने वाले तथ्यों से पूरी तरह साफ होगी।



