हरिद्वार में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की जनसुनवाई में उमड़ी फरियादियों की भीड़, 90 शिकायतें दर्ज, 48 का मौके पर हुआ समाधान,, भूमि कब्जा, जलभराव, सड़क, बिजली, राशन कार्ड, वेतन और अतिक्रमण जैसे मामलों पर अधिकारियों को सख्त निर्देश,, सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों पर भी डीएम का कड़ा रुख, 36 दिन से अधिक पुराने मामलों का तत्काल निस्तारण करने के आदेश
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) जितेंद्र कुमार, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) वैभव गुप्ता, परियोजना निदेशक नलिनीत घिल्डियाल, अधिशासी अभियंता (विद्युत) दीपक सैनी, जिला शिक्षा अधिकारी अमित चंद, जिला पर्यटन अधिकारी सुशील नौटियाल, जिला युवा कल्याण अधिकारी (पीआरडी) प्रमोद चंद पांडे, स्वजल के चंद्रकांत मणि त्रिपाठी सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी एवं बड़ी संख्या में फरियादी उपस्थित रहे।

हरिद्वार में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की जनसुनवाई में उमड़ी फरियादियों की भीड़, 90 शिकायतें दर्ज, 48 का मौके पर हुआ समाधान,,
भूमि कब्जा, जलभराव, सड़क, बिजली, राशन कार्ड, वेतन और अतिक्रमण जैसे मामलों पर अधिकारियों को सख्त निर्देश,,
सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों पर भी डीएम का कड़ा रुख, 36 दिन से अधिक पुराने मामलों का तत्काल निस्तारण करने के आदेश
हरिद्वार, 06 जुलाई। जनपदवासियों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया। जनसुनवाई में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। इस दौरान कुल 90 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 48 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष शिकायतों को समयबद्ध कार्रवाई के लिए संबंधित विभागों को भेज दिया गया।
जनसुनवाई के दौरान भूमि विवाद, अवैध कब्जा, जलभराव, पेयजल, बिजली, राशन कार्ड, सड़क निर्माण, जलनिकासी, अतिक्रमण, लंबित वेतन और ग्रामीण विकास से जुड़े अनेक मामलों को जिलाधिकारी के समक्ष रखा गया। डीएम ने सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत का संवेदनशीलता, पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए ताकि लोगों को बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
खाली जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत पहुंची डीएम के दरबार
जनसुनवाई में सलेमपुर मेहदूद निवासी ज्ञानचंद ने शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि उनकी खाली पड़ी भूमि पर कुछ लोगों ने अवैध रूप से कब्जा कर कबाड़ रख दिया है। उन्होंने प्रशासन से कब्जा हटवाकर भूमि को कब्जामुक्त कराने और अवैध रूप से रखा गया कबाड़ हटाने की मांग की। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को मामले की जांच कर तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
इंटरलॉकिंग निर्माण में बाधा, ग्राम प्रधान ने मांगी पुलिस सुरक्षा
विकासखंड नारसन की ग्राम पंचायत हरजौलीजट के ग्राम प्रधान ने शिकायत करते हुए बताया कि पंचायत क्षेत्र में मार्गों के सौंदर्यीकरण एवं इंटरलॉकिंग टाइल्स बिछाने का कार्य कुछ लोगों द्वारा बाधित किया जा रहा है। निर्माण कार्य में लगे श्रमिकों को गाली-गलौज और जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने पुलिस बल की मौजूदगी में निर्माण कार्य पूरा कराने की मांग रखी। डीएम ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
बुजुर्ग ने पैतृक आम के बाग की फसल बचाने की लगाई गुहार
भगवानपुर क्षेत्र के 70 वर्षीय बुजुर्ग ने अपनी शिकायत में बताया कि उनके पैतृक आम के बाग में उनके हिस्से की तैयार फसल को विपक्षी जबरन तोड़ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि थाना स्तर पर सूचना देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
आठ माह से वेतन नहीं मिलने की शिकायत
ग्राम भोगपुर निवासी अर्जुन कुमार ने बताया कि वह बीएसएनएल विभाग में जनरेटर ऑपरेटर के रूप में कार्यरत रहे हैं, लेकिन उन्हें पिछले आठ माह से वेतन नहीं मिला है। उन्होंने लंबित वेतन का शीघ्र भुगतान कराने की मांग की। डीएम ने संबंधित विभाग को मामले का तत्काल परीक्षण कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
सरकारी भूमि पर कब्जा और सड़क निर्माण का मामला भी उठा
कनखल निवासी उमा सिपाहा ने सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा रोकने तथा क्षेत्र में सड़क निर्माण कराने की मांग को लेकर प्रार्थना पत्र सौंपा। वहीं बहादराबाद निवासी तजेंद्र सिंह ने दौलतपुर क्षेत्र में जलभराव, जलनिकासी व्यवस्था के अभाव और गंगा कैनाल के बंधे पर संभावित कटाव का मुद्दा उठाते हुए ड्रेनेज नालों के निर्माण और सुरक्षा कार्य कराने की मांग की।
बिजली और अधूरे नाले से परेशान ग्रामीणों की आवाज पहुंची डीएम तक
ग्राम बिशनपुर कुंडी (झरड़ा अहतमाल) के घुमंतू एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की ओर से विद्युत सुविधा उपलब्ध कराने की मांग रखी गई। वहीं रानीपुर मोड़ निवासी नरेंद्र अरोड़ा ने शुभम विहार एवं द्वारिका विहार के पास एनएचएआई द्वारा निर्माणाधीन नाले का कार्य लंबे समय से अधूरा होने के कारण क्षेत्र में जलभराव, गंदगी और आवागमन में हो रही परेशानी का मुद्दा उठाया। उन्होंने निर्माण कार्य शीघ्र पूरा कराने की मांग की।
बार-बार आने वाली शिकायतों का प्राथमिकता से समाधान करें अधिकारी
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जो शिकायतें लगातार जनसुनवाई में दोहराई जा रही हैं, उनका विशेष प्राथमिकता के साथ स्थायी समाधान किया जाए। उन्होंने कहा कि जिन मामलों में स्थलीय निरीक्षण आवश्यक हो, वहां संबंधित अधिकारी स्वयं मौके पर जाकर निरीक्षण करें और गुणवत्तापूर्ण कार्रवाई सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य केवल शिकायत दर्ज करना नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक को समय पर न्याय और राहत उपलब्ध कराना है। अधिकारियों को पूरी संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्य करना होगा।
सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों पर डीएम सख्त
जनसुनवाई के बाद जिलाधिकारी ने सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि 36 दिनों से अधिक समय से लंबित शिकायतों का तत्काल निस्तारण किया जाए। समीक्षा में सामने आया कि एल-1 स्तर पर 501 तथा एल-2 स्तर पर 151 शिकायतें लंबित हैं। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए कि इन शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर गुणवत्तापूर्ण समाधान सुनिश्चित किया जाए ताकि जनता का प्रशासन पर विश्वास और मजबूत हो।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) जितेंद्र कुमार, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) वैभव गुप्ता, परियोजना निदेशक नलिनीत घिल्डियाल, अधिशासी अभियंता (विद्युत) दीपक सैनी, जिला शिक्षा अधिकारी अमित चंद, जिला पर्यटन अधिकारी सुशील नौटियाल, जिला युवा कल्याण अधिकारी (पीआरडी) प्रमोद चंद पांडे, स्वजल के चंद्रकांत मणि त्रिपाठी सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी एवं बड़ी संख्या में फरियादी उपस्थित रहे।



