हरिद्वार में दौड़ेंगी 37 ई-बसें! कनखल से सप्तऋषि तक जुड़ेगा नया ‘ई-बस नेटवर्क’….. 9 मीटर लंबी AC बसों से बदलेगा शहर का सफर, 15 KM सर्कुलर रूट के साथ 7 फीडर मार्ग; रोशनाबाद-बहादराबाद-पतंजलि कॉरिडोर को प्राथमिकता

हरिद्वार में दौड़ेंगी 37 ई-बसें! कनखल से सप्तऋषि तक जुड़ेगा नया ‘ई-बस नेटवर्क’…..
9 मीटर लंबी AC बसों से बदलेगा शहर का सफर, 15 KM सर्कुलर रूट के साथ 7 फीडर मार्ग; रोशनाबाद-बहादराबाद-पतंजलि कॉरिडोर को प्राथमिकता

हरिद्वार, 25 सितंबर 2026।
हरिद्वार में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और सुविधाजनक बनाने की दिशा में बड़ी तैयारी शुरू हो गई है। प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत जिले को 37 इलेक्ट्रिक बसें आवंटित की गई हैं। इन बसों के संचालन को लेकर शुक्रवार को सीसीआर भवन में मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका और जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की संयुक्त अध्यक्षता में समीक्षा बैठक हुई। बैठक में प्रस्तावित रूट, बसों की तैनाती, बस स्टॉप, चार्जिंग और डिपो व्यवस्था को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक में एआरटीओ (प्रशासन) निखिल शर्मा ने पीपीटी के माध्यम से ई-बस सेवा की प्रस्तावित कार्ययोजना प्रस्तुत की। योजना के तहत हरिद्वार शहर के प्रमुख क्षेत्रों को इलेक्ट्रिक बस नेटवर्क से जोड़ने की तैयारी है। अधिकारियों के मुताबिक इन बसों की लंबाई 9 मीटर, क्षमता 30 यात्रियों की और सभी बसें वातानुकूलित होंगी।
15 किलोमीटर के सर्कुलर रूट पर चलेगी मुख्य सेवा
ई-बस सेवा के तहत हरिद्वार के लगभग 15 किलोमीटर मुख्य शहरी क्षेत्र में सर्कुलर बस सेवा प्रस्तावित की गई है। इसके साथ ही सात फीडर रूट बनाए गए हैं, जिनका उद्देश्य शहर के मुख्य क्षेत्र के साथ औद्योगिक इलाकों, आवासीय क्षेत्रों और प्रमुख तीर्थ मार्गों को एक-दूसरे से जोड़ना है।
प्रस्तावित सर्कुलर रूट हरिद्वार रेलवे स्टेशन से शुरू होकर ऋषिकुल, चंद्राचार्य चौक, भगत सिंह चौक, बीएचईएल सेक्टर-2 बैरियर, ज्वालापुर, दुर्गा चौक, शंकराचार्य चौक, सिंहद्वार, डामकोठी और तुलसी चौक होते हुए वापस रेलवे स्टेशन तक पहुंचेगा।इस व्यवस्था से रेलवे स्टेशन, ज्वालापुर, बीएचईएल, सिंहद्वार और शहर के प्रमुख हिस्सों के बीच सार्वजनिक परिवहन की कनेक्टिविटी मजबूत करने की योजना है।
सात फीडर रूट जोड़ेंगे शहर और आसपास के इलाके
मुख्य सर्कुलर रूट को मजबूत करने के लिए सात फीडर रूट प्रस्तावित किए गए हैं। इनमें रोशनाबाद-पेंटागन मॉल-शिवालिक नगर-बीएचईएल सेक्टर-2, पतंजलि-जटवाड़ा पुल-दुर्गा चौक-ज्वालापुर, बहादराबाद, तथा लक्सर रोड पर धनपुरा-जगजीतपुर-सिंहद्वार जैसे क्षेत्र शामिल हैं।इसके अलावा शांतिकुंज और लालढांग दिशा को भी ई-बस नेटवर्क से जोड़ने की योजना बनाई गई है। अधिकारियों के अनुसार प्रस्तावित रूट और बस स्टॉप परिवहन विभाग के अधिकारियों द्वारा किए गए क्षेत्रीय सर्वेक्षण के आधार पर तैयार किए गए हैं।
रोशनाबाद, बहादराबाद और पतंजलि रूट को पहले मिलेगी बसें
योजना के शुरुआती चरण में सर्कुलर रूट के साथ रोशनाबाद, बहादराबाद और पतंजलि कॉरिडोर को प्राथमिकता देने की बात कही गई है। इन मार्गों पर बसों के बीच अंतर लगभग 10 मिनट के आसपास रखने का लक्ष्य है।अधिकारियों के अनुसार यात्रियों की संख्या और उपलब्ध बसों के आधार पर अन्य फीडर मार्गों पर भी बसों का संचालन किया जाएगा। प्रस्तावित मार्गों पर यात्रियों की सुविधा के लिए नए बस स्टॉप विकसित किए जाएंगे।
डीएम ने बढ़ाया नेटवर्क, कनखल-पुराना आरटीओ-सप्तऋषि भी जुड़ेंगे
समीक्षा बैठक के दौरान जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने प्रस्तावित नेटवर्क में महत्वपूर्ण बदलाव के निर्देश दिए। उन्होंने कनखल चौक, पुराना आरटीओ और सप्तऋषि क्षेत्र को भी ई-बस नेटवर्क में शामिल करने के निर्देश दिए।
डीएम ने कहा कि ई-बस सेवा का उद्देश्य केवल मुख्य शहर तक सीमित रखना नहीं, बल्कि अधिक से अधिक आबादी को सुविधाजनक सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध कराना है। इसके लिए रूटों को इस तरह तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं कि महत्वपूर्ण क्षेत्रों के लोगों को सीधा लाभ मिल सके।
चार्जिंग और डिपो व्यवस्था भी होगी तैयार
बैठक में बसों के संचालन के साथ-साथ चार्जिंग स्टेशन और डिपो व्यवस्था को समय से पूरा करने पर भी जोर दिया गया। इलेक्ट्रिक बसों के निर्बाध संचालन के लिए आवश्यक आधारभूत सुविधाओं को पहले से तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
ई-बस सेवा शुरू होने के बाद शहर में सार्वजनिक परिवहन का एक आधुनिक नेटवर्क तैयार होने की उम्मीद है। वातानुकूलित इलेक्ट्रिक बसों से यात्रियों को बेहतर परिवहन सुविधा मिलने के साथ ही शहर में पारंपरिक ईंधन आधारित वाहनों पर निर्भरता कम करने की दिशा में भी यह योजना महत्वपूर्ण हो सकती है।
बैठक में नगर आयुक्त नंदन कुमार, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, एआरटीओ (प्रशासन) नेहा झा, एआरटीओ रुड़की जितेंद्र चंद्र, प्रभारी निरीक्षक यातायात संदीप नेगी, उपनिरीक्षक यातायात मुकेश कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।



