ताजमहल की ओर मेहताब बाग से आरती, गंगाजल अर्पण को लेकर श्रावण के तीसरे सोमवार को मेहताब बाग में धार्मिक गतिविधि का वीडियो वायरल, ASI की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा,, सुरक्षा व्यवस्था को चकमा देकर पहुंचने का आरोप, शिव चालीसा का पाठ और भगवा ध्वज लहराने की बात; ताजमहल को ‘तेजोमहालय’ मानने का दावा फिर चर्चा में

ताजमहल की ओर मेहताब बाग से आरती, गंगाजल अर्पण को लेकर श्रावण के तीसरे सोमवार को मेहताब बाग में धार्मिक गतिविधि का वीडियो वायरल, ASI की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा,,
सुरक्षा व्यवस्था को चकमा देकर पहुंचने का आरोप, शिव चालीसा का पाठ और भगवा ध्वज लहराने की बात; ताजमहल को ‘तेजोमहालय’ मानने का दावा फिर चर्चा में

आगरा। ताजमहल को लेकर चल रहा ‘तेजोमहालय’ विवाद एक बार फिर सुर्खियों में है। श्रावण मास के तीसरे सोमवार को यमुना पार स्थित मेहताब बाग से ताजमहल की ओर आरती उतारने और गंगाजल अर्पित करने का मामला सामने आया है। घटना से जुड़े वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित होने के बाद भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) सक्रिय हुआ। ASI की शिकायत पर एत्माद्दौला थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
बताया जा रहा है कि सोमवार सुबह अखिल भारत हिंदू महासभा से जुड़े कुछ कार्यकर्ता मेहताब बाग पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने निर्धारित प्रवेश व्यवस्था को दरकिनार करते हुए बाग में प्रवेश किया। इसके बाद ताजमहल की दिशा में खड़े होकर आरती की गई। इस दौरान गंगाजल अर्पित करने और शिव चालीसा का पाठ किए जाने की बात भी सामने आई है। कथित तौर पर भगवा ध्वज भी लहराया गया।
वीडियो सामने आया तो खुली सुरक्षा व्यवस्था की पोल
घटना के कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद ASI अधिकारियों को इसकी जानकारी मिली। रिपोर्टों के मुताबिक, एक वीडियो में कुछ लोग आरती करते और गंगाजल अर्पित करते दिखाई दे रहे हैं, जबकि दूसरे वीडियो में भगवा ध्वज लहराते नजर आ रहे हैं।
मामला सामने आने के बाद मेहताब बाग की सुरक्षा व्यवस्था और सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई। बताया गया कि सुरक्षा के लिए क्षेत्र में पीएसी की तैनाती है। यमुना किनारे वॉच टावर और फेंसिंग की व्यवस्था भी की जा रही है। इसके बावजूद कथित तौर पर लोगों के वहां तक पहुंचने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए हैं।
‘तेजोमहालय’ के दावे को लेकर फिर गरमाया विवाद
अखिल भारत हिंदू महासभा से जुड़े लोग ताजमहल को ‘तेजोमहालय’ यानी शिव मंदिर मानने का दावा करते रहे हैं। संगठन से जुड़े लोगों की ओर से पहले भी ताजमहल में धार्मिक गतिविधियां करने की मांग और प्रयास सामने आते रहे हैं। इसी क्रम में मेहताब बाग से ताजमहल की ओर आरती और गंगाजल अर्पित किए जाने की घटना को देखा जा रहा है।
हालांकि, ताजमहल भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण द्वारा संरक्षित ऐतिहासिक स्मारक है और संरक्षित क्षेत्र में गतिविधियों के लिए निर्धारित नियम लागू होते हैं। ASI का कहना है कि नियमों का उल्लंघन किए जाने की स्थिति में कानूनी कार्रवाई की जाती है।
ASI की तहरीर पर पुलिस ने शुरू की जांच
घटना के बाद ASI की ओर से एत्माद्दौला थाने में तहरीर दी गई। पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। अब पुलिस वायरल वीडियो, सीसीटीवी फुटेज और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कथित रूप से शामिल लोगों की पहचान करने में जुटी है।
फिलहाल पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि घटना में कौन-कौन लोग शामिल थे और उनके खिलाफ किन धाराओं में आगे कार्रवाई की जाएगी। इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर ताजमहल की सुरक्षा, संरक्षित स्मारकों के नियमों और धार्मिक दावों को लेकर चल रही बहस को तेज कर दिया है।



