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मां चंडी देवी मंदिर में प्रशासन का “स्ट्रिक्ट मोड” ऑन 🚨 डीएम मयूर दीक्षित और एसएसपी नवनीत भुल्लर ने अचानक किया निरीक्षण, गंदगी-अतिक्रमण पर सम्बन्धित अधिकारियों को लगाई फटकार, पुख्ता सुरक्षा इंतजाम के निर्देश,, श्रद्धालुओं से लिया सीधा फीडबैक, सुरक्षा कर्मियों के सत्यापन और आई कार्ड अनिवार्य करने के आदेश

इन्तजार रजा हरिद्वार- मां चंडी देवी मंदिर में प्रशासन का “स्ट्रिक्ट मोड” ऑन 🚨

डीएम मयूर दीक्षित और एसएसपी नवनीत भुल्लर ने अचानक किया निरीक्षण, गंदगी-अतिक्रमण पर सम्बन्धित अधिकारियों को लगाई फटकार, पुख्ता सुरक्षा इंतजाम के निर्देश,,

श्रद्धालुओं से लिया सीधा फीडबैक, सुरक्षा कर्मियों के सत्यापन और आई कार्ड अनिवार्य करने के आदेश

हरिद्वार, 08 मई 2026।
हरिद्वार स्थित विश्व प्रसिद्ध मां चंडी देवी मंदिर में बढ़ती श्रद्धालुओं की भीड़ के बीच जिला प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में दिखाई दे रहा है। गुरुवार को जिलाधिकारी मयूर दीक्षित और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने अचानक मंदिर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्थाओं, साफ-सफाई, भीड़ नियंत्रण और अतिक्रमण की स्थिति का निरीक्षण किया। प्रशासनिक अधिकारियों की इस औचक जांच से मंदिर प्रबंधन और संबंधित विभागों में हड़कंप मच गया।

निरीक्षण के दौरान डीएम मयूर दीक्षित ने साफ कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बीकेटीसी प्रबंधन और मंदिर समिति को निर्देश दिए कि दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से लाइन में दर्शन कराए जाएं और मंदिर परिसर में किसी प्रकार की अव्यवस्था दिखाई नहीं देनी चाहिए।

डीएम ने मंदिर पहुंच रहे श्रद्धालुओं से सीधे बातचीत कर व्यवस्थाओं का फीडबैक भी लिया। कई श्रद्धालुओं ने प्रशासन की व्यवस्थाओं की सराहना की, वहीं कुछ लोगों ने भीड़ और साफ-सफाई को लेकर सुझाव दिए। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की हर समस्या का त्वरित समाधान किया जाए और किसी भी भक्त को असुविधा का सामना न करना पड़े।

निरीक्षण के दौरान मंदिर परिसर और वन क्षेत्र के आसपास फैली गंदगी को देखकर डीएम खासे नाराज नजर आए। जगह-जगह फैले कूड़े-कचरे पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही फटकार लगाई और प्रभागीय वनाधिकारी को तत्काल सफाई अभियान चलाने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि धार्मिक स्थलों के आसपास गंदगी किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी।

इतना ही नहीं, मंदिर क्षेत्र में बढ़ते अतिक्रमण को लेकर भी प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया। डीएम ने वन विभाग और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि मंदिर परिसर और मार्ग पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा नहीं होना चाहिए। अगर कोई व्यक्ति अतिक्रमण करता पाया जाता है तो उसके खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की आवाजाही में बाधा डालने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।

मंदिर परिसर में संचालित दुकानदारों को भी प्रशासन ने साफ चेतावनी दी। दुकानदारों को निर्देश दिए गए कि वे साफ-सफाई बनाए रखें, डस्टबिन रखें और कूड़े का उचित निस्तारण करें। प्रशासन ने साफ किया कि धार्मिक स्थलों की गरिमा बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है और नियमों की अनदेखी करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।

वहीं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से निरीक्षण करते हुए मंदिर में तैनात सभी सुरक्षा कर्मियों और कर्मचारियों का सत्यापन कराने के निर्देश दिए। एसएसपी ने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था में किसी प्रकार की ढिलाई नहीं चलेगी। सभी सुरक्षा कर्मियों को आई कार्ड जारी करने और अनिवार्य रूप से वर्दी में ड्यूटी करने के आदेश दिए गए हैं।

एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं का रिकॉर्ड व्यवस्थित रखने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भीड़भाड़ वाले धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा एजेंसियों को पूरी सतर्कता के साथ काम करना होगा ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना की संभावना को रोका जा सके।

निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व वैभव गुप्ता, वरिष्ठ कोषाधिकारी अजय कुमार, महंत भवानी नंद गिरी, बीकेटीसी प्रबंधक विशाल सिंह पावर, प्रभारी निरीक्षक नितेश शर्मा और ट्रस्टी डॉ. आकाश कुसुम बछेती सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।हरिद्वार में लगातार बढ़ रही श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए प्रशासन अब धार्मिक स्थलों की सुरक्षा, स्वच्छता और व्यवस्थाओं को लेकर “जीरो टॉलरेंस” नीति पर काम करता नजर आ रहा है। मां चंडी देवी मंदिर में डीएम और एसएसपी का यह औचक निरीक्षण साफ संकेत है कि अब लापरवाही करने वालों पर प्रशासनिक कार्रवाई तय मानी जा रही है।

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