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हरिद्वार में अधिवक्ताओं को कानूनों की नई धाराओं का मिला प्रशिक्षण, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की दो दिवसीय कार्यशाला शुरू,, महिलाओं के अधिकार, बीएनएस-2023, घरेलू हिंसा और श्रम कानूनों पर विशेषज्ञों ने दिए व्यावहारिक कानूनी टिप्स,, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल एवं मार्जिन टू एक्सेस प्रोजेक्ट एनजीओ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ प्रशिक्षण कार्यक्रम,,

हरिद्वार में अधिवक्ताओं को कानूनों की नई धाराओं का मिला प्रशिक्षण, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की दो दिवसीय कार्यशाला शुरू,,

महिलाओं के अधिकार, बीएनएस-2023, घरेलू हिंसा और श्रम कानूनों पर विशेषज्ञों ने दिए व्यावहारिक कानूनी टिप्स,,

राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल एवं मार्जिन टू एक्सेस प्रोजेक्ट एनजीओ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ प्रशिक्षण कार्यक्रम,,

हरिद्वार। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, हरिद्वार के सभागार में सोमवार को अधिवक्ताओं के लिए दो दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम माननीय राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, नैनीताल के मार्गदर्शन तथा मार्जिन टू एक्सेस प्रोजेक्ट एनजीओ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन माननीय जनपद न्यायाधीश श्री नरेन्द्र दत्त के निर्देशानुसार किया गया, जिसमें जिले के एलएडीसीएस, पैनल एवं प्रो-बोनो अधिवक्ताओं ने सक्रिय भागीदारी की।

कार्यक्रम का शुभारंभ सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं सिविल जज (सीनियर डिवीजन) श्रीमती सिमरनजीत कौर तथा एनजीओ के रिसोर्स पर्सन द्वारा मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। इस अवसर पर सचिव श्रीमती सिमरनजीत कौर ने प्रशिक्षण कार्यशाला की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि बदलते कानूनों और नई न्यायिक व्यवस्थाओं की जानकारी अधिवक्ताओं के लिए अत्यंत आवश्यक है, जिससे आम नागरिकों को बेहतर और प्रभावी विधिक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

प्रथम तकनीकी सत्र में एडवोकेट अंकिता सरकार ने महिलाओं से संबंधित अपराध, भरण-पोषण, घरेलू हिंसा अधिनियम तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस)-2023 के महत्वपूर्ण प्रावधानों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में अधिवक्ताओं की भूमिका और संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाने पर भी जोर दिया।दूसरे सत्र में एडवोकेट कुलदीप लकवाल ने श्रम कानूनों में हुए नवीन संशोधनों, श्रमिकों के अधिकारों तथा श्रम विवादों से जुड़े कानूनी प्रावधानों की विस्तार से जानकारी देते हुए अधिवक्ताओं की शंकाओं का समाधान किया।

कार्यक्रम का संचालन डिप्टी एलएडीसीएस श्री रमन कुमार सैनी ने किया। प्रशिक्षण में शामिल अधिवक्ताओं ने विषय विशेषज्ञों से संवाद कर नई कानूनी व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने बताया कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों का उद्देश्य अधिवक्ताओं को नवीनतम कानूनों से अपडेट रखना और समाज के अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण एवं प्रभावी निःशुल्क विधिक सहायता पहुंचाना है।

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