धनपुरा की जर्जर पुलिया पर मंडरा रहा बड़ा खतरा!,, शिकायतों के बाद भी PWD बेखबर, बारिश में गड्ढे में फंसे वाहन; ग्रामीण बोले— हादसे का इंतजार क्यों? शिव मंदिर पीठ बाजार मार्ग पर रोज दांव पर लग रही जान, बैरिकेडिंग तक नहीं; लोगों ने तत्काल मरम्मत की उठाई मांग

धनपुरा की जर्जर पुलिया पर मंडरा रहा बड़ा खतरा!,,
शिकायतों के बाद भी PWD बेखबर, बारिश में गड्ढे में फंसे वाहन; ग्रामीण बोले— हादसे का इंतजार क्यों?
शिव मंदिर पीठ बाजार मार्ग पर रोज दांव पर लग रही जान, बैरिकेडिंग तक नहीं; लोगों ने तत्काल मरम्मत की उठाई मांग
हरिद्वार ग्रामीण। ग्राम पंचायत धनपुरा के शिव मंदिर पीठ बाजार के समीप मुख्य सड़क पर बनी पुलिया की बदहाल स्थिति स्थानीय लोगों के लिए चिंता का विषय बन गई है। पुलिया के बीच बना गहरा गड्ढा लगातार दुर्घटनाओं को न्योता दे रहा है, लेकिन शिकायतों के बावजूद लोक निर्माण विभाग (PWD) की ओर से अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है। इससे ग्रामीणों में विभाग के प्रति भारी नाराजगी है।ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया की क्षति की जानकारी करीब एक सप्ताह पहले ही संबंधित अधिकारियों को दे दी गई थी, लेकिन आज तक न तो मरम्मत कार्य शुरू हुआ और न ही सुरक्षा के लिए बैरिकेडिंग या चेतावनी बोर्ड लगाए गए। ऐसे में हर दिन सैकड़ों लोग जान जोखिम में डालकर इस मार्ग से गुजरने को मजबूर हैं।
सामाजिक कार्यकर्ता मोहम्मद सलीम ने बताया कि यह सड़क क्षेत्र की प्रमुख संपर्क सड़क है, जिससे प्रतिदिन छात्र, व्यापारी, किसान और आम नागरिक आवागमन करते हैं। पुलिया की जर्जर हालत किसी भी समय बड़े हादसे का कारण बन सकती है। उन्होंने विभाग से तत्काल मरम्मत कार्य शुरू करने और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की।
हल्की बारिश के बाद पुलिया के गड्ढे में पानी भर गया, जिससे क्षतिग्रस्त हिस्सा दिखाई नहीं दिया। परिणामस्वरूप कई मोटरसाइकिल और अन्य वाहन गड्ढे में फंस गए, जबकि कुछ चालक गिरने से बाल-बाल बच गए। स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद वाहनों को बाहर निकाला। सौभाग्य से इस दौरान कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते पुलिया की मरम्मत नहीं कराई गई तो भविष्य में गंभीर दुर्घटना से इनकार नहीं किया जा सकता। लोगों ने प्रशासन और PWD विभाग से मांग की है कि मरम्मत कार्य पूरा होने तक मौके पर बैरिकेडिंग, रिफ्लेक्टर और चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं, ताकि लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से अपील की है कि जनहित से जुड़े इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लिया जाए। उनका कहना है कि प्रशासन की सक्रियता किसी हादसे के बाद नहीं, बल्कि हादसे को रोकने के लिए दिखाई देनी चाहिए।



