हरिद्वार में कल सभी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र बंद, डीएम मयूर दीक्षित ने जारी किए आदेश,, मौसम अपडेट- भारी बारिश और आकाशीय बिजली के खतरे को देखते हुए 5 सितंबर को रहेगा अवकाश; आदेश की अवहेलना करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई

हरिद्वार में कल सभी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र बंद, डीएम मयूर दीक्षित ने जारी किए आदेश,,
मौसम अपडेट- भारी बारिश और आकाशीय बिजली के खतरे को देखते हुए 5 सितंबर को रहेगा अवकाश; आदेश की अवहेलना करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई

हरिद्वार, 4 सितंबर 2026। मौसम विभाग की भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने छात्रहित और बालहित में बड़ा फैसला लिया है। जनपद हरिद्वार में 5 सितंबर 2026, शनिवार को सभी राजकीय, परिषदीय, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों के साथ-साथ सभी आंगनबाड़ी केंद्र बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं।
भारत मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून की ओर से 4 सितंबर को जारी मौसम पूर्वानुमान के अनुसार 5 सितंबर को हरिद्वार जनपद में कहीं-कहीं भारी वर्षा होने की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही कुछ स्थानों पर गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और बारिश के तीव्र से अति तीव्र दौर की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है।
नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने की आशंका
जिले में लगातार बारिश के कारण नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है। जिलाधिकारी ने आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005 की धारा 30(2) के तहत प्रदत्त शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों को एक दिन के लिए बंद रखने का निर्णय लिया है।
प्रशासन का मानना है कि भारी बारिश के दौरान जलभराव, नदी-नालों के बढ़ते जलस्तर, फिसलन और आकाशीय बिजली जैसी परिस्थितियों में छोटे बच्चों और विद्यार्थियों को अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से रोकना सुरक्षा की दृष्टि से जरूरी है।
सरकारी से लेकर निजी स्कूल तक आदेश के दायरे में
जिलाधिकारी के आदेश के अनुसार यह अवकाश जनपद के समस्त राजकीय, परिषदीय, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों पर लागू होगा। इसके अलावा जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्र भी 5 सितंबर को बंद रहेंगे।
जिलाधिकारी ने मुख्य शिक्षा अधिकारी, सभी तहसील अधिकारियों और संबंधित विभागीय अधिकारियों को आदेश का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं।
आदेश तोड़ा तो होगी कठोर कार्रवाई
प्रशासन ने स्कूलों और संबंधित विभागों को स्पष्ट चेतावनी भी दी है कि आदेश की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि कोई विद्यालय अथवा संबंधित विभाग आदेश का उल्लंघन करता पाया जाता है तो उसके विरुद्ध आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005 के तहत कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि आदेश का जिलेभर में प्रभावी ढंग से अनुपालन कराया जाए, ताकि खराब मौसम की स्थिति में विद्यार्थियों और छोटे बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
अभिभावकों से भी सतर्क रहने की अपील
मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए प्रशासन ने अप्रत्यक्ष रूप से लोगों को भी सतर्क रहने का संदेश दिया है। भारी बारिश के दौरान नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखना जरूरी है। आकाशीय बिजली की संभावना के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी जाती है।
फिलहाल 5 सितंबर को हरिद्वार जिले में सभी सरकारी, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों तथा आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन बंद रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह फैसला पूरी तरह विद्यार्थियों और बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।



