अवैध खनन माफियाओं पर डीएम मयूर दीक्षित का बड़ा प्रहार! रामपुर रायहधारी में चला प्रशासन का सर्जिकल स्ट्राइक, 8 रिटेल भंडारण सीज,, खनन कारोबार में मची खलबली, ई-खन्ना पोर्टल भी किया गया निलंबित; जिलाधिकारी के सख्त निर्देश पर खनन विभाग की ताबड़तोड़ जांच कार्रवाई,, अवैध खनन, भंडारण और परिवहन पर प्रशासन का जीरो टॉलरेंस संदेश— जांच पूरी होते ही होगी बड़ी कानूनी कार्रवाई, खनन माफियाओं में हड़कंप,,

अवैध खनन माफियाओं पर डीएम मयूर दीक्षित का बड़ा प्रहार! रामपुर रायहधारी में चला प्रशासन का सर्जिकल स्ट्राइक, 8 रिटेल भंडारण सीज,,
खनन कारोबार में मची खलबली, ई-खन्ना पोर्टल भी किया गया निलंबित; जिलाधिकारी के सख्त निर्देश पर खनन विभाग की ताबड़तोड़ जांच कार्रवाई,,
अवैध खनन, भंडारण और परिवहन पर प्रशासन का जीरो टॉलरेंस संदेश— जांच पूरी होते ही होगी बड़ी कानूनी कार्रवाई, खनन माफियाओं में हड़कंप,,
हरिद्वार, 10 जून। जनपद हरिद्वार में अवैध खनन के खिलाफ जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बड़ा और सख्त एक्शन लेते हुए साफ संकेत दे दिया है कि प्राकृतिक संसाधनों की लूट अब किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। तहसील लक्सर क्षेत्र के ग्राम रामपुर रायहधारी में अवैध खनन की लगातार मिल रही शिकायतों के बाद प्रशासन हरकत में आया और जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला खनन अधिकारी काजिम रजा के नेतृत्व में विभागीय टीम ने मौके पर पहुंचकर व्यापक जांच अभियान चलाया।
निरीक्षण के दौरान जो तथ्य सामने आए उन्होंने प्रशासन को तत्काल कठोर कार्रवाई करने के लिए मजबूर कर दिया। जांच में अनियमितताएं पाए जाने पर क्षेत्र में संचालित 8 रिटेल भंडारण इकाइयों को तत्काल प्रभाव से सीज कर दिया गया। प्रशासन की इस कार्रवाई से पूरे क्षेत्र में खलबली मच गई और खनन कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप की स्थिति बन गई।
जिला खनन अधिकारी काजिम रवजा ने बताया कि निरीक्षण के दौरान विभिन्न स्तरों पर नियमों के उल्लंघन की शिकायतें और अनियमितताएं सामने आईं, जिसके चलते संबंधित इकाइयों के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई की गई। इतना ही नहीं, इन भंडारण इकाइयों से जुड़े ई-खन्ना पोर्टल को भी अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया गया है, ताकि जांच प्रभावित न हो और पूरे मामले की निष्पक्ष पड़ताल की जा सके।
प्रशासन का मानना है कि खनिज संपदा की अवैध निकासी न केवल सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचाती है बल्कि पर्यावरणीय संतुलन और नदी तंत्र पर भी गंभीर प्रभाव डालती है। यही कारण है कि जिलाधिकारी मयूर दीक्षित लगातार अवैध खनन के खिलाफ कड़ी निगरानी बनाए हुए हैं और विभिन्न विभागों को संयुक्त रूप से कार्रवाई के निर्देश दे रहे हैं।
खनन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जनपद में अवैध खनन, अवैध भंडारण और अवैध परिवहन के खिलाफ विशेष अभियान लगातार जारी है। जिन लोगों द्वारा नियमों की अनदेखी कर खनिजों का कारोबार किया जा रहा है, उनके खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही, नियमों का उल्लंघन अथवा अवैध गतिविधियों में संलिप्तता पाए जाने पर संबंधित व्यक्तियों और संस्थाओं को किसी प्रकार की राहत नहीं मिलेगी।
सूत्रों के अनुसार जांच के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों और रिकॉर्ड की भी पड़ताल की जा रही है। प्रशासन पूरे मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रहा है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि अनियमितताएं किस स्तर तक फैली हुई हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद संबंधित पक्षों के खिलाफ खनन अधिनियम और अन्य प्रासंगिक कानूनों के तहत अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई को जनपद में अवैध खनन के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी और निर्णायक कार्रवाइयों में माना जा रहा है। प्रशासन की इस सख्ती के बाद अवैध खनन और खनिज कारोबार से जुड़े लोगों को स्पष्ट संदेश मिल गया है कि हरिद्वार में अब नियमों को ताक पर रखकर कारोबार करना आसान नहीं होगा। आने वाले दिनों में जिले के अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में भी इसी प्रकार के निरीक्षण और कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है



