सावन में हरिद्वार पुलिस का बड़ा तोहफा: 46 लाख के 205 खोए मोबाइल बरामद, मालिकों के चेहरों पर लौटी मुस्कान,, एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर और एसपी क्राइम निशा यादव की निगरानी में ऑपरेशन रिकवरी सफल, CEIR पोर्टल से देशभर से ट्रेस हुए मोबाइल,, सिडकुल पुलिस बनी प्रदेश में मोबाइल रिकवरी की नंबर-1 थाना पुलिस, 11 महीनों में आठवीं बार बड़ी सफलता, वर्ष 2026 में अब तक 475 मोबाइल बरामद,,

सावन में हरिद्वार पुलिस का बड़ा तोहफा: 46 लाख के 205 खोए मोबाइल बरामद, मालिकों के चेहरों पर लौटी मुस्कान,,
एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर और एसपी क्राइम निशा यादव की निगरानी में ऑपरेशन रिकवरी सफल, CEIR पोर्टल से देशभर से ट्रेस हुए मोबाइल,,
सिडकुल पुलिस बनी प्रदेश में मोबाइल रिकवरी की नंबर-1 थाना पुलिस, 11 महीनों में आठवीं बार बड़ी सफलता, वर्ष 2026 में अब तक 475 मोबाइल बरामद,,
इन्तजार रजा हरिद्वार। सावन के पावन महीने में हरिद्वार पुलिस ने जनसेवा का एक और शानदार उदाहरण पेश करते हुए 205 खोए हुए मोबाइल फोन उनके वास्तविक मालिकों को वापस सौंपकर सैकड़ों परिवारों के चेहरों पर मुस्कान लौटा दी। करीब 46 लाख रुपये कीमत के इन मोबाइल फोन की बरामदगी थाना सिडकुल पुलिस ने ऑपरेशन रिकवरी के तहत की। इस विशेष अभियान को एसएसपी नवनीत सिंह के नेतृत्व तथा एसपी क्राइम निशा यादव की निगरानी एवं तकनीकी समन्वय में सफलता मिली।
थाना सिडकुल परिसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान एसएसपी नवनीत सिंह, एसपी क्राइम निशा यादव और अन्य पुलिस अधिकारियों ने बरामद मोबाइल फोन उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस मिलने पर लोगों की खुशी देखते ही बन रही थी। कई लोगों ने पुलिस अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका खोया मोबाइल दोबारा मिल जाएगा।
इस अवसर पर एसएसपी नवनीत सिंह ने कहा कि आज के समय में मोबाइल फोन केवल बातचीत का माध्यम नहीं, बल्कि लोगों की पहचान, बैंकिंग, रोजगार, शिक्षा और व्यक्तिगत जानकारी का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है। ऐसे में किसी का खोया मोबाइल वापस दिलाना केवल एक वस्तु लौटाना नहीं बल्कि उसके विश्वास और जरूरी जानकारी को सुरक्षित वापस करना भी है। उन्होंने कहा कि हरिद्वार पुलिस जनता की सुरक्षा के साथ-साथ उनकी संपत्ति की सुरक्षा के लिए भी पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।
एसपी क्राइम निशा यादव ने बताया कि भारत सरकार के CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल के माध्यम से गुम हुए मोबाइल फोन को ब्लॉक करने, ट्रैक करने और रिकवर करने की प्रक्रिया लगातार प्रभावी साबित हो रही है। इसी तकनीकी व्यवस्था के माध्यम से थाना सिडकुल पुलिस ने 205 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि मोबाइल गुम होने की स्थिति में तुरंत CEIR पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, जिससे मोबाइल की बरामदगी की संभावना काफी बढ़ जाती है।
बरामद मोबाइलों में सिडकुल की औद्योगिक इकाइयों में कार्यरत विभिन्न राज्यों के कर्मचारियों के मोबाइल भी शामिल हैं, जबकि बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों के मोबाइल भी पुलिस ने खोजकर लौटाए। मोबाइल वापस मिलने के बाद लोगों ने हरिद्वार पुलिस की मेहनत, तकनीकी दक्षता और जनसेवा की भावना की खुलकर सराहना की।
मोबाइल प्राप्त करने वाले लाभार्थी कुलदीप ने बताया कि उनका मोबाइल 15 जनवरी 2026 को खो गया था। उन्होंने CEIR पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। कुछ समय बाद हरिद्वार पुलिस ने उन्हें सूचना दी कि उनका मोबाइल बरामद हो चुका है। उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास नहीं था कि उनका फोन वापस मिलेगा, लेकिन पुलिस ने उनके विश्वास को कायम रखते हुए सुरक्षित मोबाइल लौटाया।

थाना सिडकुल पुलिस की यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष मानी जा रही है क्योंकि बीते 11 महीनों में यह आठवीं बार है, जब बड़ी संख्या में खोए हुए मोबाइल फोन बरामद कर लोगों को लौटाए गए हैं। वर्ष 2026 में अब तक कुल 475 मोबाइल फोन रिकवर किए जा चुके हैं। इस शानदार प्रदर्शन के चलते मोबाइल रिकवरी के मामले में थाना सिडकुल जनपद ही नहीं बल्कि पूरे उत्तराखंड में अग्रणी थाना बन गया है।
बरामद मोबाइलों में विभिन्न कंपनियों के स्मार्टफोन शामिल हैं, जिनमें iPhone के 4, Oppo के 38, Nothing के 15, Samsung के 35, Realme के 32, Mi के 12, Vivo के 44, OnePlus के 19 तथा IQOO के 6 मोबाइल शामिल हैं। सभी मोबाइलों का सत्यापन करने के बाद उनके वास्तविक मालिकों को सौंपा गया।
इस सफल अभियान में थानाध्यक्ष अजय शाह, एसएसआई प्रवीण बिष्ट और हेड कांस्टेबल विवेक यादव सहित थाना सिडकुल पुलिस टीम की अहम भूमिका रही। टीम ने तकनीकी विश्लेषण, विभिन्न राज्यों की पुलिस से समन्वय और लगातार फॉलोअप के जरिए मोबाइल फोन बरामद कर लोगों तक पहुंचाए। हरिद्वार पुलिस ने स्पष्ट किया कि आमजन की खोई हुई संपत्ति को शीघ्र वापस दिलाना पुलिस की प्राथमिकताओं में शामिल है। भविष्य में भी आधुनिक तकनीक और प्रभावी पुलिसिंग के माध्यम से ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे, ताकि जनता का पुलिस पर भरोसा और अधिक मजबूत हो। सावन के इस अवसर पर 205 लोगों को उनका खोया मोबाइल लौटाकर हरिद्वार पुलिस ने सुरक्षा के साथ-साथ संवेदनशील पुलिसिंग का भी उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया।



